CG News: छत्तीसगढ़ में हस्तशिल्प और कुटीर उद्योग को नई दिशा, केंद्रीय वस्त्र मंत्री के अहम निर्देश
CG News: रायपुर में केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज सिंह ने रेशम, खादी, हथकरघा और हस्तशिल्प क्षेत्र के विकास को लेकर महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बुनकरों, शिल्पियों और कारीगरों की आय बढ़ाने के लिए प्रभावी कार्ययोजना तैयार की जाए, ताकि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत किया जा सके।
डिजाइन प्रशिक्षण और नवाचार पर जोर
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि बुनकरों और कारीगरों को नियमित रूप से डिजाइन विकास का प्रशिक्षण दिया जाए। इससे उनके उत्पादों की गुणवत्ता बढ़ेगी और वे राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय बाजार में बेहतर प्रतिस्पर्धा कर सकेंगे, बैठक में निर्देश दिए गए कि विभिन्न योजनाओं के माध्यम से ग्रामीण उद्यमियों की वार्षिक आय को 5 लाख रुपये तक पहुंचाने के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार की जाए। यह कदम कुटीर उद्योग को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
निर्यात और बाजार विस्तार पर फोकस
हथकरघा और हस्तशिल्प उत्पादों को निर्यात एजेंसियों से जोड़ने पर जोर दिया गया, ताकि स्थानीय उत्पादों को वैश्विक बाजार तक पहुंच मिल सके और उद्यमियों की आय में वृद्धि हो सके, रेशम केंद्रों में रेशम पौधों के साथ फ्लोरीकल्चर और सब्जी उत्पादन को बढ़ावा देने के निर्देश दिए गए, जिससे कीटपालकों और किसानों की अतिरिक्त आय सुनिश्चित हो सके।
प्राकृतिक रंगों और नवाचार को प्रोत्साहन
वस्त्र निर्माण में हल्दी, कत्था, मेहंदी और प्राकृतिक फूलों से बने रंगों के उपयोग को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया। साथ ही आधुनिक डिजाइन और नवाचार को अपनाने के लिए NIFT के सहयोग से कार्य करने के निर्देश दिए गए, बैठक में खादी, ग्रामोद्योग, हथकरघा और रेशम क्षेत्र के समग्र विकास पर विस्तार से चर्चा की गई। उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार बढ़ाना और अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाना है।
