CG News: छत्तीसगढ़ के किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी, फसल बदलने पर मिलेंगे ₹15 हजार प्रति एकड़
CG News: छत्तीसगढ़ सरकार ने किसानों की आय बढ़ाने और फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने के लिए बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने घोषणा की है कि खरीफ 2026 से धान की जगह दलहन, तिलहन या अन्य फसलें उगाने वाले किसानों को कृषक उन्नति योजना के तहत प्रति एकड़ 15 हजार रुपये की सहायता राशि दी जाएगी। उन्होंने यह घोषणा राजनांदगांव में आयोजित प्रगतिशील किसान सम्मेलन एवं लोकार्पण-भूमिपूजन कार्यक्रम के दौरान की।
विकास कार्यों की सौगात
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में राजनांदगांव जिले के लिए 510 करोड़ 89 लाख रुपये से अधिक लागत के 333 विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन किया। इसके साथ ही शिवनाथ नदी पर सस्पेंशन ब्रिज, ईरा एनीकट निर्माण एवं संरक्षण कार्य, कुमरदा-गेंदाटोला-कल्लूबंजारी सड़क निर्माण और घुमरिया व्यपवर्तन जीर्णोद्धार जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं की भी घोषणा की।

फसल चक्र परिवर्तन से बढ़ेगी किसानों की आय
मुख्यमंत्री ने कहा कि राजनांदगांव जिले में जल संरक्षण और फसल चक्र परिवर्तन के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य हुए हैं। किसानों को पारंपरिक धान की खेती के साथ दलहन और तिलहन जैसी लाभकारी फसलों की खेती के लिए प्रोत्साहित किया गया है, जिससे बेहतर परिणाम सामने आए हैं। नई सहायता योजना से किसानों को फसल विविधीकरण अपनाने में मदद मिलेगी और उनकी आमदनी बढ़ेगी।
किसान हितैषी योजनाओं का मिल रहा लाभ
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, कृषक उन्नति योजना और समर्थन मूल्य पर धान खरीदी जैसी योजनाओं के जरिए किसानों को आर्थिक मजबूती प्रदान की जा रही है। सरकार किसानों को समय पर खाद और बीज उपलब्ध कराने के लिए भी लगातार प्रयास कर रही है, मुख्यमंत्री ने बताया कि सुशासन को मजबूत बनाने के लिए राज्य सरकार ने सीएम हेल्पलाइन 1076 शुरू की है, जहां लोग अपनी समस्याओं का समयबद्ध समाधान प्राप्त कर सकते हैं। वहीं ई-डिस्ट्रिक्ट पोर्टल के माध्यम से आय, जाति, निवास समेत 400 से अधिक सरकारी सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध कराई जा रही हैं।
सोलर ऊर्जा को बढ़ावा देने पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री बिजली बिल समाधान योजना के जरिए जरूरतमंद उपभोक्ताओं को राहत दी जा रही है। साथ ही प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत लोगों को अपने घरों में रूफटॉप सोलर लगाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है, जिससे बिजली बिल में लंबे समय तक बचत हो सके।
सोयाबीन खरीदी के लिए हुआ एमओयू
कार्यक्रम के दौरान जिला प्रशासन और एबीस एक्सपोर्ट के बीच किसानों के सोयाबीन उत्पादन की खरीदी के लिए एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। इस अवसर पर प्रगतिशील किसानों, कृषि सखी दीदियों, सरपंचों और ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों को सम्मानित किया गया तथा किसानों को फसल विविधीकरण के लिए मिनी किट वितरित किए गए।

