CG News: मुख्यमंत्री बस सेवा से सुदूर जनजातीय गांवों को मिली परिवहन सुविधा, मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के साथ किया बस में सफर
CG News: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नारायणपुर जिले के प्रवास के दौरान कुरूसनार से लगभग 4 किमी तक ग्रामीणों के साथ बस यात्रा की, यह पहल राज्य के दूरस्थ और सीमांत जनजातीय अंचलों को मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखी जा रही है, मुख्यमंत्री का स्वयं बस में सफर करना इस योजना की जनोन्मुखी सोच और विश्वसनीयता को दर्शाता है.

बस सेवा की भूमिका और लाभ
मुख्यमंत्री बस सेवा के तहत नारायणपुर जिले में वर्तमान में चार बसें संचालित हो रही हैं, इनमें से तीन बसें नियद नेल्ला नार मार्गों पर नियमित सेवा प्रदान कर रही हैं, यह बस सेवा उन क्षेत्रों में आवागमन की सुविधा उपलब्ध कर रही है, जो पिछले एक दशक से माओवादी उग्रवाद के कारण परिवहन सुविधाओं से वंचित थे.

मुख्य मार्ग और लाभार्थी गांव
1. नारायणपुर-नेलंगूर मार्ग: डूमरतराई, कुकडाझोर, आंकाबेडा, कस्तूरमेटा, मोहंदी, कोडलियार, कुत्तूल, बेडमाकोटी और नेलंगूर,
2. नारायणपुर-कुतूल मार्ग: कच्चापाल, कोडलियार, कुतूल, कुरूषनार, बासिंग, कुन्दला, कोहकामेटा और इरकभट्टी,
3. नारायणपुर-गारपा मार्ग: कुरूषनार, बासिंग, कुन्दला, सोनपुर, मसपुर और होरादी.
PPP मॉडल के तहत संचालन
बस सेवा एक पीपीपी मॉडल के तहत संचालित हो रही है, संचालन की जिम्मेदारी निजी बस ऑपरेटर को सौंपी गई है, जबकि शासन मार्ग निर्धारण और निगरानी कर रहा है, इस पहल का उद्देश्य सीमांत जनजातीय समुदायों को विश्वसनीय, सुरक्षित और सुलभ परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना है.
विकास, कनेक्टिविटी और सामाजिक समावेशन
यह बस सेवा केवल आवागमन की सुविधा नहीं देती, बल्कि क्षेत्र में सामाजिक समावेशन को बढ़ावा देती है, इसके माध्यम से ग्रामीणों को शिक्षा, स्वास्थ्य, बाजार और प्रशासनिक सेवाओं तक आसान पहुँच मिल रही है, जिससे विकास और विश्वास का नया वातावरण तैयार हो रहा है.



