CG News: 1.5 करोड़ के इनामी माओवादी नेता मिसिर बेसरा की गिरफ्तारी, सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी
CG News: झारखंड के पश्चिम सिंहभूम स्थित सारंडा जंगल में सुरक्षाबलों ने बड़ी कार्रवाई करते हुए माओवादी नेता मिसिर बेसरा उर्फ भास्कर को गिरफ्तार किया है, 28 जुलाई को चलाए गए विशेष अभियान में उसे दो साथियों के साथ पकड़ा गया. सुरक्षा एजेंसियों को उसकी मौजूदगी की जानकारी मिली थी, जिसके बाद रणनीति बनाकर इलाके में घेराबंदी की गई और ऑपरेशन को सफलतापूर्वक अंजाम दिया गया.

डेढ़ करोड़ से ज्यादा का इनामी माओवादी कमांडर
मिसिर बेसरा पर डेढ़ करोड़ रुपये से अधिक का इनाम घोषित था, वह प्रतिबंधित माओवादी संगठन के शीर्ष नेताओं में शामिल रहा है और पोलित ब्यूरो सदस्य के साथ-साथ ईस्टर्न रीजनल ब्यूरो की जिम्मेदारी भी संभाल चुका है. सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, संगठन की रणनीति तैयार करने, कैडरों को दिशा देने और कई राज्यों में फैले नेटवर्क को संचालित करने में उसकी अहम भूमिका रही है.

55 जवानों की शहादत वाले हमलों में आरोपी
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, मिसिर बेसरा के खिलाफ हत्या, आईईडी विस्फोट, सुरक्षाबलों पर हमले और हथियार कानून से जुड़े 100 से ज्यादा मामले दर्ज हैं. उस पर पश्चिम सिंहभूम क्षेत्र में वर्ष 2003-04 के दौरान हुए आईईडी हमलों की साजिश में शामिल होने का आरोप भी है, जिनमें 55 सुरक्षाकर्मियों के शहीद होने की बात सामने आई थी.
बस्तर और दंडकारण्य नेटवर्क से जुड़ा रहा नाम
सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक, मिसिर बेसरा का छत्तीसगढ़ के बस्तर इलाके में सक्रिय माओवादी नेटवर्क से भी जुड़ाव रहा है, वह दंडकारण्य क्षेत्र और पूर्वी क्षेत्रीय ब्यूरो के बीच तालमेल बनाने का काम करता था. कैडरों की ट्रेनिंग, संगठन विस्तार और बड़े ऑपरेशन की रणनीति तैयार करने में उसकी भूमिका बताई जाती रही है, गिरिडीह जिले के मदनडीह गांव का रहने वाला मिसिर बेसरा करीब दो दशक से माओवादी संगठन में सक्रिय था, झारखंड, ओडिशा, पश्चिम बंगाल और छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों में उसकी गतिविधियां सामने आती रही हैं. सुरक्षा एजेंसियां लंबे समय से उसकी तलाश में जुटी थीं और उसकी गतिविधियों पर लगातार नजर रख रही थीं.
अब माओवादी नेता गणपति पर सुरक्षा एजेंसियों की नजर
मिसिर बेसरा की गिरफ्तारी के बाद सुरक्षा एजेंसियों का फोकस अब माओवादी नेता गणपति पर बढ़ गया है, गणपति संगठन का पूर्व महासचिव रह चुका है और उसे माओवादी आंदोलन के पुराने तथा प्रभावशाली नेताओं में गिना जाता है. एजेंसियों के अनुसार, उसकी तलाश भी लंबे समय से जारी है, इधर, छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में 8 नक्सलियों ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण किया है, आत्मसमर्पण करने वालों में 5 महिला माओवादी भी शामिल हैं. पुलिस के मुताबिक, इन सभी पर कुल 49 लाख रुपये का इनाम घोषित था. इसे माओवादी संगठन के लिए एक और बड़ा झटका माना जा रहा है.
माओवादी संगठन को बड़ा नुकसान
सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार, मिसिर बेसरा की गिरफ्तारी माओवादी संगठन के शीर्ष नेतृत्व के लिए बड़ा नुकसान है, लंबे समय तक संगठन में सक्रिय रहने के कारण उसके पास नेटवर्क, फंडिंग व्यवस्था और कई राज्यों में चल रही गतिविधियों से जुड़ी अहम जानकारियां होने की संभावना जताई जा रही है. सुरक्षाबलों की यह कार्रवाई माओवादी विरोधी अभियान में एक बड़ी सफलता मानी जा रही है.




