CG News: रायपुर में ‘युवान’ पहल से युवाओं को मिलेगा ग्रीन लीडर बनने का अवसर
CG News: छत्तीसगढ़ के वन विभाग द्वारा शुरू की गई ‘युवान’ पहल के तहत युवाओं को पर्यावरण संरक्षण, जैव विविधता और वन्यजीवों के महत्व से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। इस कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं को प्रशिक्षण और फील्ड अनुभव देकर उन्हें भविष्य के ग्रीन लीडर के रूप में तैयार किया जाएगा।
पर्यावरण और वन्यजीव संरक्षण के प्रति जागरूक
रायपुर में बलौदाबाजार वनमंडल द्वारा “YUVAN – Connecting Youth with Nature” कार्यक्रम के तहत वॉलेंटियर्स ओरिएंटेशन का आयोजन किया गया। यह पहल केदार कश्यप के मार्गदर्शन और अरुण कुमार पाण्डेय के प्रोत्साहन से शुरू की गई है। इसका मुख्य उद्देश्य युवाओं को पर्यावरण और वन्यजीव संरक्षण के प्रति जागरूक बनाना है। इस कार्यक्रम के जरिए नई पीढ़ी को प्रकृति से जोड़कर उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।

प्रशिक्षण और जागरूकता पर विशेष जोर
इस पहल के अंतर्गत युवाओं को वनों की पारिस्थितिकी, जैव विविधता और सांपों के सुरक्षित रेस्क्यू जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर प्रशिक्षण दिया गया। कार्यक्रम में विभिन्न कॉलेजों के छात्र-छात्राओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। विशेषज्ञों ने युवाओं को व्यावहारिक जानकारी देते हुए पर्यावरण संरक्षण के महत्व को समझाया। इससे युवाओं में प्रकृति के प्रति समझ और संवेदनशीलता विकसित करने का प्रयास किया गया।
विशेषज्ञों ने साझा किया ज्ञान
कार्यक्रम के दौरान डॉ. अजय मिश्रा ने वेटलैंड संरक्षण के बारे में विस्तार से जानकारी दी। वहीं सौरव राजवाड़े ने ‘युवान’ के उद्देश्यों को स्पष्ट किया। सौरव मेहरा ने मानव-हाथी सह-अस्तित्व जैसे संवेदनशील विषय पर रोचक प्रस्तुति दी। इन सत्रों ने युवाओं को पर्यावरण से जुड़े वास्तविक मुद्दों को समझने में मदद की।
ग्रीन लीडर’ तैयार करने की दिशा में कदम
वनमंडलाधिकारी धम्मशील गणवीर ने बताया कि ‘युवान’ का उद्देश्य केवल सैद्धांतिक ज्ञान देना नहीं है, बल्कि युवाओं को फील्ड अनुभव के माध्यम से प्रशिक्षित करना है। इस पहल से युवा प्रकृति और समाज के बीच के संबंध को बेहतर ढंग से समझ पाएंगे। कार्यक्रम भविष्य में पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में सक्रिय नेतृत्व तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
विभागीय सहयोग और भविष्य की योजना
कार्यक्रम में कृषानू चन्द्राकार, प्रखर नायक और गुलशन साहू सहित कई अधिकारी मौजूद रहे। वन विभाग अब इस पहल के माध्यम से स्थानीय युवाओं को संरक्षण गतिविधियों में सक्रिय रूप से शामिल करेगा। इससे पर्यावरण संरक्षण अभियान को नई ऊर्जा और दिशा मिलने की उम्मीद है।



