CG News: छत्तीसगढ़ में विकास की नई रफ्तार, 461 गांवों में पहुंचेगी बिजली, किसानों को मिलेगा बड़ा लाभ
CG News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ के विकास को लेकर बड़ा फैसला लिया है. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से मुलाकात के बाद राजनांदगांव में प्रस्तावित 10,500 करोड़ रुपये की गैस आधारित यूरिया परियोजना को जल्द मंजूरी देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. इससे किसानों को सुविधा मिलने के साथ राज्य में औद्योगिक विकास को भी गति मिलेगी.

461 गांवों को मिलेगी स्थायी बिजली सुविधा
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रधानमंत्री के सामने उन 461 गांवों का मुद्दा उठाया, जहां सुरक्षा कारणों से अब तक बिजली का स्थायी ग्रिड नहीं पहुंच पाया था. केंद्र सरकार से इन गांवों को स्थायी बिजली नेटवर्क से जोड़ने के लिए विशेष सहयोग मांगा गया है. इससे हजारों ग्रामीणों को सीधा फायदा मिलेगा.

बस्तर विकास का रखा गया रोडमैप
प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने बस्तर के विकास की पूरी योजना साझा की. उन्होंने बताया कि नियद नेल्ला नार 2.0 और बस्तर मुहिम के जरिए 5,542 गांवों में सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया जा रहा है. इन योजनाओं से करीब 39 लाख लोग लाभान्वित हो रहे हैं.
शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ा बदलाव
मुख्यमंत्री ने बताया कि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में बंद पड़े 421 स्कूलों को दोबारा शुरू किया गया है. इसके अलावा ओरछा और जगरगुंडा में एजुकेशन सिटी विकसित की जा रही है. स्वास्थ्य क्षेत्र में मुख्यमंत्री स्वस्थ बस्तर अभियान के तहत 34 लाख से ज्यादा लोगों की जांच कर बेहतर इलाज से जोड़ा गया है.
बस्तर में बढ़ रहा इंफ्रास्ट्रक्चर विकास
CM साय ने कहा कि बस्तर अब विकास की नई राह पर आगे बढ़ रहा है. क्षेत्र में सड़क, रेल, बिजली और हवाई कनेक्टिविटी को मजबूत किया जा रहा है. 3,513 करोड़ रुपये की लागत से जगदलपुर-रावघाट रेललाइन परियोजना पर काम जारी है, जिससे क्षेत्र के विकास को नई दिशा मिलेगी, मुख्यमंत्री ने बस्तर की संस्कृति और पर्यटन को लेकर भी प्रधानमंत्री को जानकारी दी. उन्होंने बताया कि बस्तर दशहरा को वैश्विक पर्यटन ब्रांड बनाने की तैयारी चल रही है. चित्रकोट और तीरथगढ़ जैसे पर्यटन स्थलों को अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने के लिए योजनाएं बनाई जा रही हैं.
8 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव मिले
मुख्यमंत्री ने बताया कि छत्तीसगढ़ में औद्योगिक विकास नीति 2024-30 लागू होने के बाद करीब 8 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं. राज्य में एआई डेटा सेंटर, सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स और अन्य नए उद्योगों की शुरुआत हो रही है, जिससे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, बैठक में मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ के 500 करोड़ रुपये के एआई मिशन की जानकारी भी दी. उन्होंने बताया कि राज्य सुशासन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग बढ़ा रहा है. वहीं 10.42 लाख महिलाओं को लखपति दीदी बनाया जा चुका है और आगे 14 लाख महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने का लक्ष्य रखा गया है.



