CG News: बस्तर में खुला जनजातीय गौरव वाटिका, पर्यटन और पर्यावरण संरक्षण का नया केंद्र
CG News: शहर की आपाधापी और शोर-शराबे से दूर बस्तरवासियों को अब प्रकृति की गोद में सुकून के पल बिताने का भव्य स्थल मिल गया है, कुम्हड़ाकोट में निर्मित जनजातीय गौरव वाटिका का लोकार्पण शुक्रवार को उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री केदार कश्यप और विधायक किरण सिंह देव ने किया, वाटिका का उद्देश्य बस्तर की समृद्ध जनजातीय विरासत, परंपरा और प्राकृतिक सौंदर्य को एक सूत्र में पिरोना है, समारोह में जिला पंचायत अध्यक्ष, वन अधिकारी, जनप्रतिनिधि और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे.

वाटिका का भ्रमण और सुविधाएं
लोकार्पण के पश्चात अतिथियों ने वाटिका का भ्रमण किया, लगभग 25 एकड़ क्षेत्र में फैले इस प्रोजेक्ट को प्रारंभ में हेल्थ पार्क के रूप में विकसित करने की योजना थी, जिसे बाद में भव्य वाटिका का स्वरूप दिया गया,
मुख्य आकर्षण,
• 1700 मीटर लंबा वॉकिंग ट्रेल
• योगा शेड और योगा जोन
• ओपन जिम और गपशप जोन
• पारिवारिक आयोजनों के लिए पाँच आकर्षक पगोड़ा
• तालाब एवं आइलैंड
• इको-फ्रेंडली और प्लास्टिक फ्री जोन
भविष्य में ट्री-हाउस और एडवेंचर स्पोर्ट्स भी शुरू करने की योजना है.
महिला एवं स्व-सहायता समूहों को आर्थिक सहायता
लोकार्पण समारोह में उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा और वन मंत्री केदार कश्यप द्वारा विभिन्न महिला और स्व-सहायता समूहों को 1 करोड़ 22 लाख रुपए से अधिक की राशि के चेक वितरित किए गए,
मुख्य लाभार्थी और सहायता
• बकावण्ड के मां धारणी करणी समूह – काजू प्रसंस्करण हेतु 50 लाख रुपए
• आसना के गोधन समूह – गाय पालन हेतु 34 लाख रुपए
• घोटिया और भानपुरी समूह – इमली संग्रहण एवं प्रसंस्करण के लिए 13-13 लाख रुपए
• कोलेंग समिति – दोना-पत्तल निर्माण हेतु 10 लाख रुपए
• तेंदूपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा बीमा योजना के अंतर्गत 2 लाख रुपए
उप मुख्यमंत्री ने महिला समूहों से किया संवाद
उप मुख्यमंत्री ने महिला समूहों से सीधे संवाद कर इमली और काजू प्रसंस्करण, विपणन व्यवस्था और बाजार उपलब्धता को मजबूत करने पर चर्चा की, वाटिका को पर्यावरण के अनुकूल, शांत और मनोरंजक स्थल बनाने पर जोर दिया गया है, प्रवेश द्वार पर पार्किंग और प्रसाधन की व्यवस्था की गई है, जिससे पर्यटक और स्थानीय लोग आराम से इसका आनंद ले सकेंगे.


