CG News: राजेश मूणत के नेतृत्व में निकलेगी विशाल कांवड़ यात्रा, CM साय और डॉ. रमन सिंह होंगे शामिल
CG News: राजधानी रायपुर में विधायक राजेश मूणत के नेतृत्व में 23 अगस्त को विशाल कांवड़ यात्रा निकाली जाएगी. गुढ़ियारी से हटकेश्वरनाथ महादेव मंदिर तक कांवड़िए बोल बम के जयकारों के साथ पहुंचेंगे. आयोजन में करीब 10 हजार श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है, जिसके लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं. यात्रा के दौरान विभिन्न राज्यों से आने वाले बैंड, धार्मिक और पारंपरिक दल अपनी प्रस्तुतियां देंगे, जिससे पूरे मार्ग पर शिवभक्ति और उत्साह का माहौल देखने को मिलेगा.
CM साय और डॉ. रमन सिंह होंगे शामिल
विशाल कांवड़ यात्रा में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, पूर्व राज्यपाल रमेश बैस, रायपुर लोकसभा सांसद बृजमोहन अग्रवाल सहित मंत्री और रायपुर के विधायक भी शामिल होंगे. विभिन्न राज्यों से आने वाले धार्मिक और सांस्कृतिक दल भारतीय संस्कृति की विविधता के बीच शिवभक्ति की एकता का संदेश देंगे. उत्तर प्रदेश की महाकाल-अघोरी और महाकाली टीम, दिल्ली की महाकाल अघोरी टीम, विशाल नंदी, केरल का भारत नाट्यम और पारंपरिक दल यात्रा के प्रमुख आकर्षण होंगे.
देशभर के कलाकार दिखाएंगे शिवभक्ति
यात्रा में उज्जैन की डमरू महाकाल सवारी, महाराष्ट्र का नागपुर ढोल, खड़गपुर की मां काली टीम और ओडिशा के पारंपरिक दल भी शामिल होंगे. छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर और कोरबा की अघोरी टीम, बेंद्री के लोक कलाकारों की शिव परिवार प्रस्तुति, दुर्ग और भिलाई के धुमाल दल, रायपुर की राधा रानी धुमाल और महाकाल-अघोरी टीम अपनी प्रस्तुतियां देंगी. इन सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के जरिए यात्रा में देश की अलग-अलग लोक परंपराओं और शिवभक्ति का संगम दिखाई देगा.
धार्मिक झांकियां रहेंगी खास आकर्षण
कांवड़ यात्रा में शिव परिवार, राम-सीता, हनुमान वानर सेना, मुकुट हनुमान, बाहुबली हनुमान, भगवान परशुराम, जामवंत, भगवान गणेश, सुग्रीव, भोलेबाबा और महाकाल सहित विभिन्न धार्मिक स्वरूपों की झांकियां शामिल होंगी. राम-सीता दरबार और शिव परिवार की झांकियों के साथ 11 घोड़े और 2 बग्घियां भी यात्रा की भव्यता बढ़ाएंगी. इसके अलावा लाइव सिंगिंग और लोक कलाकारों की प्रस्तुतियां भी श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहेंगी.
आस्था और संस्कृति का विराट उत्सव
विधायक राजेश मूणत ने कहा कि पिछले आठ वर्षों में रायपुर की जनता और शिवभक्तों ने जिस आत्मीयता से कांवड़ यात्रा को अपनाया है, उससे यह आयोजन विराट धार्मिक जनउत्सव बन गया है. उन्होंने कहा कि कांवड़ उठाना केवल धार्मिक परंपरा नहीं, बल्कि भगवान भोलेनाथ के प्रति श्रद्धा, साधना और समर्पण की अभिव्यक्ति है. उनका प्रयास है कि 23 अगस्त को रायपुर की सड़कों पर शिवभक्ति के साथ भारतीय संस्कृति, सामाजिक समरसता और लोक परंपराओं की सुंदर झलक दिखाई दे.



