CG News: खेलो इंडिया के जरिए गांव-गांव तक खेल सुविधाएं, सीएम विष्णुदेव साय का विजन
CG News: दुर्ग में आयोजित 14वीं अखिल भारतीय पुलिस सेवा तीरंदाजी स्पर्धा के समापन समारोह में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने खेलो इंडिया के तहत प्रदेशभर में खेल परिसरों के निर्माण की घोषणा की। उन्होंने जशपुर में तीरंदाजी अकादमी, नवा रायपुर में प्रशिक्षण केंद्र और ओलंपिक पदक विजेताओं के लिए करोड़ों रुपये की प्रोत्साहन राशि देने की प्रतिबद्धता दोहराई। उनका लक्ष्य ग्रामीण और आदिवासी प्रतिभाओं को विश्व स्तरीय मंच देना है।
खेलो इंडिया परिसरों से गांव-गांव तक पहुंचेगी खेल सुविधाएं
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ के अलग-अलग क्षेत्रों में खेलो इंडिया परिसर बनाए जाएंगे, जिससे दूरस्थ और आदिवासी इलाकों के युवाओं को अपने क्षेत्र में ही आधुनिक खेल सुविधाएं मिल सकें। यह पहल न केवल खेल प्रतिभाओं को निखारेगी, बल्कि राज्य को राष्ट्रीय खेल मानचित्र पर मजबूत पहचान दिलाएगी।
जशपुर में 20.53 करोड़ की तीरंदाजी अकादमी
तीरंदाजी को बढ़ावा देने के लिए जशपुर के सन्ना स्थित पंडरा पाठ में 20.53 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक तीरंदाजी अकादमी स्थापित की जाएगी। यह अकादमी आदिवासी युवाओं की पारंपरिक दक्षता को आधुनिक प्रशिक्षण से जोड़ने का केंद्र बनेगी।
नवा रायपुर में विश्व स्तरीय प्रशिक्षण केंद्र
नवा रायपुर में लगभग 10.27 एकड़ क्षेत्र में तीरंदाजी प्रशिक्षण केंद्र का निर्माण किया जा रहा है। यहां खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, ताकि वे ओलंपिक और वैश्विक प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकें।
ओलंपिक विजेताओं के लिए करोड़ों की प्रोत्साहन राशि
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने वाले खिलाड़ी को 3 करोड़ रुपये, रजत पदक विजेता को 2 करोड़ रुपये और कांस्य पदक विजेता को 1 करोड़ रुपये दिए जाएंगे। यह कदम खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाने और खेल को एक सशक्त करियर विकल्प के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण है।
धनुर्विद्या हमारी सांस्कृतिक विरासत
कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने कहा कि धनुर्विद्या हमारी अमूल्य धरोहर है और यह मन की एकाग्रता का खेल है। पुलिस के जवानों ने अपनी ड्यूटी के बीच समय निकालकर प्रतियोगिता में भाग लिया, जो उनके समर्पण का परिचायक है। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधि और पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे|



