CG News: बस्तर पंडुम 2026: भारत की सांस्कृतिक धरोहर का भव्य उत्सव, जनजातीय संस्कृति, विकास और पहचान का संगम
CG News: केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि, बस्तर भारत की संस्कृति का अनमोल आभूषण है, बस्तर पंडुम 2026 ने यहां की जनजातीय संस्कृति, लोक कला और गौरवशाली परंपराओं को नए प्राण देने का काम किया.
दिल्ली में प्रदर्शन का अवसर
बस्तर पंडुम 2026 के सभी विजेताओं को केंद्रीय गृह मंत्री और मुख्यमंत्री द्वारा सम्मानित किया गया, प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त कलाकारों को राष्ट्रपति भवन, दिल्ली में आमंत्रित कर अपनी कला का प्रदर्शन करने और सहभोज करने का अवसर मिलेगा.

आदिवासी संस्कृति और पारंपरिक विरासत का संरक्षण
केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि, बस्तर जैसी अद्वितीय संस्कृति को प्रभु श्री राम के समय से संजोकर रखा गया है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल पर धरती आबा योजना और पीएम जनमन योजना जैसी योजनाओं से आदिवासी संस्कृति और परंपराओं का संरक्षण हो रहा है.
माओवादी उन्मूलन और सुरक्षा उपाय
केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि, माओवादी उन्मूलन की समय सीमा 31 मार्च 2026 है, जवानों की बहादुरी से माओवाद को समाप्त किया जाएगा, पुनर्वास नीति और रोजगारमूलक गतिविधियों के माध्यम से प्रभावित क्षेत्रों के लोगों को मुख्यधारा से जोड़ा जा रहा है.

बस्तर में विकास की नई पहलें
नियद नेल्ला नार योजना के तहत बस्तर में सड़क, पुल, मोबाइल टावर, राशन वितरण, शुद्ध पेयजल, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, 40 गांवों में स्कूल फिर से खोले गए हैं, जहां अब गोलियों की आवाज़ नहीं बल्कि स्कूल की घंटियां सुनाई देती हैं.
सिंचाई, बिजली और पर्यटन में तेजी
दंतेवाड़ा, सुकमा और बीजापुर जिलों में 2,75,000 एकड़ क्षेत्र में सिंचाई और 220 मेगावॉट बिजली उत्पादन का कार्य शीघ्र शुरू होगा, औद्योगिक क्षेत्र स्थापित और पर्यटन को बढ़ावा दिया जाएगा.
बस्तर पंडुम: पहचान का उत्सव
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि, बस्तर पंडुम सिर्फ आयोजन नहीं, बल्कि बस्तर की पहचान का उत्सव है, इस वर्ष 54,000 से अधिक कलाकारों ने 12 विधाओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया.
बस्तर की नई सुबह और पर्यटन की प्रगति
मुख्यमंत्री ने बताया कि, बस्तर अब माओवादी प्रभावित भूमि से संभावनाओं की भूमि बन गया है, धुड़मारास गांव को संयुक्त राष्ट्र द्वारा सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गांव घोषित किया गया, ईको-टूरिज्म, होम-स्टे और ट्रेकिंग जैसी परियोजनाओं से बस्तर की संस्कृति और पर्यटन को बढ़ावा मिल रहा है.
उपमुख्यमंत्री और मंत्रीगण का योगदान
उपमुख्यमंत्री एवं गृहमंत्री विजय शर्मा, संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल सहित अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने बस्तर पंडुम 2026 में हिस्सा लेने वाले कलाकारों और समाज प्रमुखों की सराहना की, उन्होंने आयोजन को जनजातीय संस्कृति और समाज-नेतृत्व का प्रतीक बताया.




