CG News: मुख्यमंत्री से जिला साहू संघ की सौहार्दपूर्ण बैठक, कर्मा धाम मंदिर निर्माण समारोह में शामिल होने का आमंत्रण
CG News: रायपुर में मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में जिला साहू संघ, खैरागढ़–छुईखदान–गंडई के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से सौहार्दपूर्ण मुलाकात की, इस अवसर पर प्रतिनिधिमंडल ने समाज के सामाजिक एवं सांस्कृतिक मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की, बैठक में उपस्थित सभी प्रतिनिधि ने मुख्यमंत्री को समाज के हितों एवं सांस्कृतिक मूल्यों की दृष्टि से महत्वपूर्ण विषयों पर अवगत कराया.
कर्मा धाम मंदिर निर्माण समारोह का आमंत्रण
प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को कर्मा धाम, खम्हरिया में आयोजित होने वाले भक्त शिरोमणि माँ कर्मा तथा भक्त माता राजिम के मंदिर निर्माण के भूमिपूजन एवं शपथ-ग्रहण समारोह में शामिल होने का औपचारिक निमंत्रण दिया, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस आमंत्रण को स्वीकार किया और प्रतिनिधिमंडल का आभार व्यक्त किया, उन्होंने इस कार्यक्रम के महत्व को स्वीकार करते हुए कहा कि, यह आयोजन स्थानीय समाज के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है और इससे सांस्कृतिक चेतना को बढ़ावा मिलेगा.
सांस्कृतिक मूल्यों का संरक्षण: CM साय
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि, सामाजिक और सांस्कृतिक मूल्यों का संरक्षण समाज की जिम्मेदारी है, उन्होंने जोर देते हुए कहा कि, धार्मिक एवं सामाजिक कार्यक्रम समाज में एकता, समरसता और सांस्कृतिक चेतना को मजबूत करते हैं, मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि, ऐसे कार्यक्रम समाज में भाईचारे और सामाजिक सद्भावना को बढ़ाने में अहम भूमिका निभाते हैं, इसलिए इनका आयोजन और संरक्षण आवश्यक है.
प्रतिनिधिमंडल में शामिल प्रमुख सदस्य
इस महत्वपूर्ण बैठक में कई प्रमुख पदाधिकारी उपस्थित थे, जिनमें शामिल थे,
• बस्तर क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष एवं विधायक सुश्री लता उसेंडी
• विधायक मोतीलाल साहू
• प्रदेश साहू संघ के अध्यक्ष डॉ. निरेन्द साहू
• प्रदीप साहू
• टीलेश्वर साहू
• तथा जिला साहू संघ के अन्य वरिष्ठ पदाधिकारी
इन सभी नेताओं ने मुख्यमंत्री के साथ समाज से जुड़े मुद्दों पर गहन चर्चा की और अपने-अपने विचार साझा किए.
समाज में एकता और धार्मिक चेतना का संदेश
इस तरह की मुलाकातें यह दर्शाती हैं कि, सरकार सामाजिक-सांस्कृतिक कार्यक्रमों के प्रति संवेदनशील है और समुदायों के साथ संवाद को महत्व देती है, कर्मा धाम में मंदिर निर्माण एवं शपथ-ग्रहण समारोह से स्थानीय समाज में धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक चेतना और सामाजिक एकता को और अधिक मजबूती मिलेगी, इस कार्यक्रम के माध्यम से समाज में एक सकारात्मक संदेश जाएगा कि. धर्म, संस्कृति और समाज के मूल्यों को संरक्षित रखना हमारी जिम्मेदारी है.




