CG News: एचएनएलयू में 5वां स्वामी विवेकानंद स्मृति व्याख्यान, ओ.पी. चौधरी ने युवाओं को किया प्रेरित
CG News: नवा रायपुर स्थित हिदायतुल्लाह राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय में स्वामी विवेकानंद के जीवन और दर्शन को समर्पित ‘5वें स्वामी विवेकानंद स्मृति वार्षिक व्याख्यान’ का भव्य आयोजन किया गया, यह कार्यक्रम राष्ट्रीय युवा दिवस की स्मृति में प्रतिवर्ष आयोजित किया जाता है और स्वामी विवेकानंद के रायपुर से जुड़े ऐतिहासिक संबंधों को स्मरण करता है.
मुख्य वक्ता के रूप में वित्त मंत्री ओ. पी. चौधरी
कार्यक्रम में प्रदेश के वित्त मंत्री ओ. पी. चौधरी मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहे, उन्होंने “जेन-ज़ी के लिए स्वामी विवेकानंद की शिक्षाएँ” विषय पर विचार रखते हुए युवाओं को आत्मविश्वास, अनुशासन और उद्देश्यपूर्ण जीवन का संदेश दिया.

नेतृत्व का वास्तविक अर्थ: कुलपति का संबोधन
कार्यक्रम की शुरुआत एचएनएलयू के कुलपति प्रो. (डॉ.) वी. सी. विवेकानंदन के उद्बोधन से हुई, उन्होंने ओ. पी. चौधरी के सेवा भाव और सार्वजनिक जीवन की प्रशंसा करते हुए कहा कि, आज के समय में सच्चा नेतृत्व सोशल मीडिया लोकप्रियता से नहीं, बल्कि समर्पण और सेवा से पहचाना जाता है, उन्होंने स्वामी विवेकानंद के विचारों को आज की Gen Z के लिए प्रासंगिक बताया.

शिकागो संबोधन से नेतृत्व और संवाद की सीख
अपने व्याख्यान में मंत्री ओ. पी. चौधरी ने स्वामी विवेकानंद के 1893 के ऐतिहासिक शिकागो भाषण का उल्लेख करते हुए प्रभावी संचार और नेतृत्व के गुणों पर प्रकाश डाला, उन्होंने स्वामीजी को भारतीय संस्कृति का वैश्विक प्रतिनिधि बताते हुए विद्यार्थियों से सादा जीवन और उच्च विचार अपनाने का आह्वान किया.

कम्फर्ट ज़ोन से बाहर निकलने का संदेश
वित्त मंत्री ने विद्यार्थियों को अपने कम्फर्ट ज़ोन से बाहर निकलकर साहस के साथ अपने सपनों का पीछा करने की प्रेरणा दी, उन्होंने अनुशासन, ईमानदारी और अच्छे स्वास्थ्य को जीवन की वास्तविक पूंजी बताते हुए अपने संघर्षपूर्ण जीवन अनुभव साझा किए.
एचएनएलयू गज़ट न्यूज़लेटर का विमोचन
इस अवसर पर एचएनएलयू प्रेस द्वारा प्रकाशित ‘एचएनएलयू गज़ट न्यूज़लेटर’ (खंड 3, अंक 2) का विधिवत विमोचन किया गया, कार्यक्रम में कुलसचिव (प्रभारी) डॉ. दीपक श्रीवास्तव ने स्वागत भाषण दिया और डीन (छात्र कल्याण) डॉ. अविनाश सामल ने धन्यवाद ज्ञापन किया.
छात्रों की व्यापक सहभागिता
कार्यक्रम में एचएनएलयू के विद्यार्थियों के साथ-साथ कलिंगा विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं ने भी बड़ी संख्या में भाग लिया, कार्यक्रम के समापन पर विद्यार्थियों ने स्वामी विवेकानंद के विचारों को अपने जीवन में अपनाने और समाज के प्रति जिम्मेदार नागरिक बनने का संकल्प लिया.




